Ticker

6/recent/ticker-posts

चौकीदार से बेनीपट्टी बाजार में कराई जा रही गश्ती

 



बेनीपट्टी(मधुबनी)। बेनीपट्टी सुदूर ग्रामीण इलाकों के साथ साथ बेनीपट्टी बाजार भी अब सुरक्षित नहीं रह गया है। आये दिन चोर गिरोह के निशाने पर बाजार के व्यवसायी व गृहस्वामी आ रहे है। हैरत है कि वर्षों से लगातार चोरी की घटनाएं होने के बाद भी एक भी चोरी के मामलों का खुलासा नहीं हो सका है। स्थिति इस कदर खराब है कि घर को छोड़कर किसी रिश्तेदार अथवा कही तीर्थाटन करना भी मुश्किल हो गया है। करीब दो दिन पूर्व बेनीपट्टी के मुख्य बाजार के जनता हार्डवेयर के संचालक के किराए के मकान में चोरों ने भयंकर चोरी की घटना को अंजाम दिया। सात दिन पूर्व हाइकोर्ट के अधिवक्ता के अनुमंडल के समीप घर को निशाना बनाया। उक्त घटना सीसीटीवी में भी कैद हो गया। बावजूद, अब तक चोर पुलिस के गिरफ्त में नहीं आ सकी है। अंदाजा सहज लगाया जा सकता है कि जब मुख्यालय ही असुरक्षित है तो ग्रामीण इलाकों की क्या हाल होगी। ऐसे में थाना पुलिस के द्वारा ग्रामीण इलाकों के चौकीदार को बेनीपट्टी बाजार में गश्ती का जिम्मा दिया गया है। जबकि सूत्रों की माने तो बाजार के स्थायी चौकीदार को कमान तक नहीं दिया जा रहा है। बाजार के पूर्व चौकीदार मो नाजिर दफादार व जलधारी राम के सेवानिवृत्त होने के बाद बाजार में एकमात्र ही चौकीदार रह गया है। विडंबना है कि मनपौर के चौकीदार ने जब गांव से आकर बेनीपट्टी में चौकीदारी करने , जबकि बाजार के चौकीदार को कमान नहीं दिए जाने की शिकायत वरीय अधिकारी से की तो, बताया जा रहा है कि उसका वेतन बंद करा दिया गया। जिसके कारण अन्य चौकीदार भी सहमे हुए है। गौरतलब है कि बेनीपट्टी थाना के अंतर्गत करीब साढ़े 17 पंचायत के सुरक्षा का जिम्मा है। गांव में चौकीदार व दफ़ादारो से सूचना संग्रह के लिए तैनात किया जाता रहा है। जो रात भर ’जागते रहो जागते रहो“ का आवाज देकर गृहस्वामी को सचेत करने का काम करते थे। जो अब इतिहास के पन्नो में सिमटकर रह गया है। आपको बता दे कि इन पंचायतों में अब सिर्फ 23 चौकीदार व दफादार रह गए है। सूत्रों ने बताया कि इसमें कुछ चौकीदारों से कोई ड्यूटी नहीं ली जा रही है। ऐसे में चोरी की घटना पर अंकुश लगाना संभव नहीं दिखाई दे रहा है।

Post a comment

0 Comments